कक्षा 9 विज्ञान — अध्याय: गति (Motion)

 

कक्षा 9 विज्ञान — अध्याय: गति (Motion)



1. गति एवं विराम

(Motion and Rest)

हम अपने आसपास की वस्तुओं को देखते हैं। कुछ वस्तुएँ अपनी जगह पर रहती हैं और कुछ वस्तुएँ अपनी स्थिति बदलती रहती हैं।

विराम (Rest) की परिभाषा

यदि किसी वस्तु की स्थिति आसपास की वस्तुओं के सापेक्ष समय के साथ नहीं बदलती है, तो वह वस्तु विराम में कही जाती है।

उदाहरण:
मेज पर रखी किताब मेज के सापेक्ष विराम में है।

गति (Motion) की परिभाषा

यदि किसी वस्तु की स्थिति आसपास की वस्तुओं के सापेक्ष समय के साथ बदलती है, तो वह वस्तु गति में कही जाती है।

उदाहरण:
चलती हुई कार, दौड़ता हुआ व्यक्ति तथा उड़ता हुआ पक्षी गति में हैं।

महत्वपूर्ण बात

विराम और गति सापेक्ष होते हैं।

उदाहरण:
चलती हुई ट्रेन में बैठा व्यक्ति ट्रेन के सापेक्ष विराम में है, लेकिन प्लेटफॉर्म के सापेक्ष गति में है।


2. गति के प्रकार

(Types of Motion)

गति मुख्यतः निम्न प्रकार की होती है—

(1) रैखिक गति (Linear Motion)

परिभाषा

जब कोई वस्तु सीधी रेखा या वक्र रेखा पर एक स्थान से दूसरे स्थान तक गति करती है, तो इसे रैखिक गति कहते हैं।

उदाहरण:

  • सीधी सड़क पर चलती कार
  • सीधी सड़क पर चलता व्यक्ति
  • ऊपर से नीचे गिरता हुआ पत्थर

(2) वृत्तीय गति (Circular Motion)

परिभाषा

जब कोई वस्तु वृत्ताकार पथ पर गति करती है, तो उसे वृत्तीय गति कहते हैं।

उदाहरण:

  • पृथ्वी की सूर्य के चारों ओर गति
  • चंद्रमा की पृथ्वी के चारों ओर गति
  • घड़ी की सुई की गति

(3) दोलनी गति (Oscillatory Motion)

परिभाषा

जब कोई वस्तु किसी निश्चित बिंदु के दोनों ओर बार-बार आगे-पीछे गति करती है, तो उसे दोलनी गति कहते हैं।

उदाहरण:

  • झूले की गति
  • लोलक की गति

(4) आवर्ती गति (Periodic Motion)

परिभाषा

जब कोई वस्तु समान समयांतराल के बाद अपनी गति को दोहराती है, तो उसे आवर्ती गति कहते हैं।

उदाहरण:

  • घड़ी के लोलक की गति
  • सिलाई मशीन की सुई की गति

ध्यान दें

एक ही वस्तु में एक से अधिक प्रकार की गति एक साथ हो सकती है।


3. गति का वर्णन

(Description of Motion)

किसी वस्तु की गति का वर्णन करने के लिए यह जानना आवश्यक है कि वस्तु कहाँ है और समय के साथ उसकी स्थिति कैसे बदल रही है।

किसी वस्तु की स्थिति बताने के लिए हमें एक निश्चित स्थान को आधार बनाना पड़ता है।


4. संदर्भ बिंदु

(Reference Point)

परिभाषा

वह निश्चित बिंदु या वस्तु जिसके सापेक्ष किसी वस्तु की स्थिति या गति का वर्णन किया जाता है, संदर्भ बिंदु कहलाता है।

उदाहरण:
यदि कहा जाए कि कोई कार स्कूल से 2 km दूर है, तो यहाँ स्कूल संदर्भ बिंदु है।


5. मूलबिंदु

(Origin)

परिभाषा

वह निश्चित बिंदु जिससे किसी वस्तु की स्थिति या दूरी को मापा जाता है, मूलबिंदु कहलाता है।

संख्या रेखा पर मूलबिंदु को सामान्यतः 0 से दर्शाते हैं।


6. स्थिति

(Position)

परिभाषा

किसी संदर्भ बिंदु के सापेक्ष किसी वस्तु का स्थान उसकी स्थिति कहलाता है।

उदाहरण:
यदि कोई विद्यार्थी विद्यालय से 500 m पूर्व में है, तो विद्यालय के सापेक्ष विद्यार्थी की स्थिति 500 m पूर्व है।


7. दूरी

(Distance)

परिभाषा

किसी वस्तु द्वारा तय किए गए कुल पथ की लंबाई को दूरी कहते हैं।

SI मात्रक

मीटर (m)

अन्य मात्रक:

  • किलोमीटर (km)
  • सेंटीमीटर (cm)

उदाहरण

एक व्यक्ति 3 km पूर्व की ओर जाता है और फिर 2 km पश्चिम की ओर जाता है।

कुल दूरी:

\[ 3+2=5\,km \]

अतः दूरी = 5 km

महत्वपूर्ण बातें

  • दूरी एक अदिश राशि है।
  • दूरी में केवल परिमाण होता है।
  • दूरी हमेशा धनात्मक या शून्य होती है।
  • दूरी तय किए गए वास्तविक पथ पर निर्भर करती है।

8. विस्थापन

(Displacement)

परिभाषा

किसी वस्तु की प्रारंभिक स्थिति से अंतिम स्थिति तक की सबसे छोटी सीधी दूरी, दिशा सहित, विस्थापन कहलाती है।

यदि प्रारंभिक स्थिति \(x_1\) और अंतिम स्थिति \(x_2\) हो, तो—

\[ \boxed{s=x_2-x_1} \]

SI मात्रक

मीटर (m)

उदाहरण

एक व्यक्ति 3 km पूर्व जाता है और फिर 2 km पश्चिम लौटता है।

अंतिम स्थिति प्रारंभिक बिंदु से 1 km पूर्व होगी।

इसलिए—

\[ \boxed{विस्थापन=1\,km\ पूर्व} \]

महत्वपूर्ण बातें

  • विस्थापन एक सदिश राशि है।
  • इसमें परिमाण और दिशा दोनों होते हैं।
  • विस्थापन शून्य हो सकता है।
  • विस्थापन का परिमाण दूरी से अधिक नहीं हो सकता।

9. दूरी और विस्थापन में अंतर

दूरीविस्थापन
कुल तय किए गए पथ की लंबाईप्रारंभिक और अंतिम स्थिति के बीच की सबसे छोटी दूरी
अदिश राशिसदिश राशि
दिशा की आवश्यकता नहींदिशा आवश्यक है
हमेशा धनात्मक या शून्यधनात्मक, ऋणात्मक या शून्य हो सकता है
वास्तविक पथ पर निर्भरप्रारंभिक और अंतिम स्थिति पर निर्भर

विशेष उदाहरण ⭐

एक व्यक्ति 5 m पूर्व जाता है और 5 m पश्चिम लौटकर उसी स्थान पर आ जाता है।

कुल दूरी:

\[ 5+5=10m \]

विस्थापन:

\[ 0m \]

इसलिए—

\[ \boxed{Distance=10m} \]\[ \boxed{Displacement=0m} \]

10. अदिश राशि

(Scalar Quantity)

परिभाषा

जिस भौतिक राशि को व्यक्त करने के लिए केवल परिमाण की आवश्यकता होती है, उसे अदिश राशि कहते हैं।

उदाहरण:

  • दूरी
  • चाल
  • समय
  • द्रव्यमान

11. सदिश राशि

(Vector Quantity)

परिभाषा

जिस भौतिक राशि को व्यक्त करने के लिए परिमाण और दिशा दोनों की आवश्यकता होती है, उसे सदिश राशि कहते हैं।

उदाहरण:

  • विस्थापन
  • वेग
  • त्वरण

12. चाल

(Speed)

परिभाषा

किसी वस्तु द्वारा इकाई समय में तय की गई दूरी को चाल कहते हैं।

सूत्र

\[ \boxed{चाल=\frac{दूरी}{समय}} \]

या

\[ \boxed{v=\frac{s}{t}} \]

जहाँ—

  • \(v\) = चाल
  • \(s\) = दूरी
  • \(t\) = समय

SI मात्रक

\[ \boxed{m/s} \]

अन्य मात्रक:

\[ km/h \]

चाल की प्रकृति

चाल एक अदिश राशि है।


13. चाल का उदाहरण

एक कार 100 m दूरी 20 सेकंड में तय करती है।

\[ v=\frac{s}{t} \]\[ v=\frac{100}{20} \]\[ \boxed{v=5m/s} \]

अतः कार की चाल 5 m/s है।


14. औसत चाल

(Average Speed)

परिभाषा

किसी वस्तु द्वारा तय की गई कुल दूरी और कुल समय के अनुपात को औसत चाल कहते हैं।

सूत्र

\[ \boxed{औसत\ चाल= \frac{कुल\ दूरी}{कुल\ समय}} \]

या

\[ \boxed{v_{avg}=\frac{Total\ Distance}{Total\ Time}} \]

उदाहरण

एक बस 150 km दूरी 3 घंटे में तय करती है।

\[ v_{avg}=\frac{150}{3} \]\[ \boxed{50km/h} \]

15. एकसमान गति

(Uniform Motion)

परिभाषा

यदि कोई वस्तु समान समयांतराल में समान दूरी तय करती है, तो उसकी गति एकसमान गति कहलाती है।

उदाहरण:
एक कार प्रत्येक 1 घंटे में 40 km की दूरी तय करती है।

1 घंटे → 40 km
2 घंटे → 80 km
3 घंटे → 120 km

यह एकसमान गति का उदाहरण है।


16. असमान गति

(Non-uniform Motion)

परिभाषा

यदि कोई वस्तु समान समयांतराल में असमान दूरी तय करती है, तो उसकी गति असमान गति कहलाती है।

उदाहरण:

पहले घंटे → 20 km
दूसरे घंटे → 35 km
तीसरे घंटे → 50 km

यह असमान गति है।


17. वेग

(Velocity)

परिभाषा

किसी वस्तु के इकाई समय में होने वाले विस्थापन को वेग कहते हैं।

सूत्र

\[ \boxed{वेग=\frac{विस्थापन}{समय}} \]

या

\[ \boxed{v=\frac{s}{t}} \]

SI मात्रक

\[ \boxed{m/s} \]

वेग की प्रकृति

वेग एक सदिश राशि है।

इसलिए वेग में परिमाण तथा दिशा दोनों होते हैं।


18. चाल और वेग में अंतर ⭐

चालवेग
दूरी/समयविस्थापन/समय
अदिश राशिसदिश राशि
दिशा आवश्यक नहींदिशा आवश्यक है
कुल दूरी पर आधारितविस्थापन पर आधारित
ऋणात्मक नहीं होतीदिशा के कारण ऋणात्मक हो सकता है

19. औसत वेग

(Average Velocity)

परिभाषा

कुल विस्थापन और कुल समय के अनुपात को औसत वेग कहते हैं।

सूत्र

\[ \boxed{औसत\ वेग= \frac{कुल\ विस्थापन}{कुल\ समय}} \]

20. त्वरण

(Acceleration)

परिभाषा

किसी वस्तु के वेग में इकाई समय में होने वाले परिवर्तन को त्वरण कहते हैं।

सूत्र

\[ \boxed{a=\frac{v-u}{t}} \]

जहाँ—

  • \(a\) = त्वरण
  • \(u\) = प्रारंभिक वेग
  • \(v\) = अंतिम वेग
  • \(t\) = समय

SI मात्रक

\[ \boxed{m/s^2} \]

21. त्वरण का उदाहरण

किसी कार का प्रारंभिक वेग 10 m/s है और 5 सेकंड बाद उसका वेग 20 m/s हो जाता है।

दिया है:

\[ u=10m/s \]\[ v=20m/s \]\[ t=5s \]

सूत्र:

\[ a=\frac{v-u}{t} \]\[ a=\frac{20-10}{5} \]\[ \boxed{a=2m/s^2} \]

22. धनात्मक त्वरण

(Positive Acceleration)

जब समय के साथ वस्तु का वेग बढ़ता है, तो त्वरण धनात्मक होता है।

उदाहरण:
वेग 5 m/s से बढ़कर 15 m/s हो गया।


23. ऋणात्मक त्वरण / मंदन

(Negative Acceleration / Retardation)

जब वस्तु का वेग समय के साथ कम होता है, तो त्वरण ऋणात्मक कहलाता है।

इसे मंदन भी कहते हैं।

उदाहरण:
चलती कार के ब्रेक लगाने पर उसकी चाल कम होती जाती है।


24. एकसमान त्वरण

(Uniform Acceleration)

परिभाषा

यदि किसी वस्तु के वेग में समान समयांतराल में समान परिवर्तन होता है, तो त्वरण एकसमान कहलाता है।

उदाहरण:
हर 1 सेकंड में वेग 5 m/s बढ़ता है।


25. असमान त्वरण

(Non-uniform Acceleration)

यदि समान समयांतराल में वेग में असमान परिवर्तन होता है, तो त्वरण असमान कहलाता है।


26. गति के समीकरण

(Equations of Motion) ⭐⭐⭐

जब कोई वस्तु एकसमान त्वरण से गति करती है, तब गति के तीन महत्वपूर्ण समीकरण होते हैं।


पहला गति समीकरण

\[ \boxed{v=u+at} \]

जहाँ—

\(u\) = प्रारंभिक वेग
\(v\) = अंतिम वेग
\(a\) = त्वरण
\(t\) = समय

उपयोग

जब \(u,a,t\) दिए हों और \(v\) निकालना हो।


दूसरा गति समीकरण

\[ \boxed{s=ut+\frac{1}{2}at^2} \]

जहाँ \(s\) = विस्थापन

उपयोग

जब \(u,a,t\) दिए हों और विस्थापन निकालना हो।


तीसरा गति समीकरण

\[ \boxed{v^2=u^2+2as} \]

उपयोग

जब \(u,a,s\) दिए हों और \(v\) निकालना हो।


27. गति के समीकरणों का उदाहरण

एक वस्तु का प्रारंभिक वेग 5 m/s है। उसका त्वरण 2 m/s² है और वह 4 सेकंड तक चलती है। अंतिम वेग ज्ञात करें।

दिया है:

\[ u=5m/s \]\[ a=2m/s^2 \]\[ t=4s \]

सूत्र:

\[ v=u+at \]\[ v=5+(2\times4) \]\[ v=5+8 \]\[ \boxed{v=13m/s} \]

28. दूरी-समय ग्राफ

(Distance-Time Graph)

दूरी-समय ग्राफ में—

  • क्षैतिज अक्ष (X-axis) → समय
  • ऊर्ध्वाधर अक्ष (Y-axis) → दूरी

मुख्य सूत्र

\[ \boxed{Slope=\frac{दूरी\ में\ परिवर्तन}{समय\ में\ परिवर्तन}} \]

अर्थात्—

\[ \boxed{Slope=Speed} \]

इसलिए दूरी-समय ग्राफ की ढाल से चाल ज्ञात की जाती है।


29. दूरी-समय ग्राफ से एकसमान चाल

यदि दूरी-समय ग्राफ एक सीधी रेखा है, तो वस्तु एकसमान चाल से गति कर रही है।

यदि ग्राफ क्षैतिज है, तो दूरी नहीं बदल रही है।

इसका अर्थ है—

\[ \boxed{वस्तु\ विराम\ में\ है} \]

30. स्थिति-समय ग्राफ

(Position-Time Graph)

इस ग्राफ में—

  • X-अक्ष → समय
  • Y-अक्ष → स्थिति

ढाल

\[ \boxed{Slope=\frac{\Delta x}{\Delta t}} \]

यह वस्तु का वेग बताती है।


31. वेग-समय ग्राफ

(Velocity-Time Graph)

इस ग्राफ में—

  • X-अक्ष → समय
  • Y-अक्ष → वेग

ढाल

\[ \boxed{Slope=\frac{v-u}{t}} \]

अर्थात्—

\[ \boxed{Slope=Acceleration} \]

इसलिए वेग-समय ग्राफ की ढाल से त्वरण ज्ञात होता है।


32. वेग-समय ग्राफ के नीचे का क्षेत्रफल ⭐

वेग-समय ग्राफ के नीचे का क्षेत्रफल विस्थापन बताता है।

\[ \boxed{विस्थापन=वेग-समय\ ग्राफ\ के\ नीचे\ का\ क्षेत्रफल} \]

यदि ग्राफ आयत के रूप में हो:

\[ Area=Length\times Breadth \]

इसलिए—

\[ \boxed{s=vt} \]

33. त्वरण-समय ग्राफ

इस ग्राफ में—

  • X-अक्ष → समय
  • Y-अक्ष → त्वरण

त्वरण-समय ग्राफ के नीचे का क्षेत्रफल वेग में परिवर्तन बताता है।

\[ \boxed{Area=v-u} \]

34. ग्राफ से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य ⭐⭐⭐

ग्राफढाल/क्षेत्रफल से क्या प्राप्त होता है?
दूरी-समय ग्राफढाल = चाल
स्थिति-समय ग्राफढाल = वेग
वेग-समय ग्राफढाल = त्वरण
वेग-समय ग्राफक्षेत्रफल = विस्थापन
त्वरण-समय ग्राफक्षेत्रफल = वेग में परिवर्तन

35. समान वृत्तीय गति

(Uniform Circular Motion)

परिभाषा

जब कोई वस्तु एकसमान चाल से वृत्ताकार पथ पर गति करती है, तो उसकी गति समान वृत्तीय गति कहलाती है।

उदाहरण

  • पृथ्वी की सूर्य के चारों ओर गति
  • घड़ी की सुई
  • वृत्ताकार पथ पर दौड़ता खिलाड़ी

महत्वपूर्ण बात

समान वृत्तीय गति में चाल स्थिर हो सकती है लेकिन वेग स्थिर नहीं होता, क्योंकि वेग की दिशा लगातार बदलती रहती है।


36. गति से जुड़े महत्वपूर्ण सूत्र ⭐⭐⭐

दूरी

\[ \boxed{Distance=कुल\ पथ} \]

विस्थापन

\[ \boxed{s=x_2-x_1} \]

चाल

\[ \boxed{v=\frac{s}{t}} \]

औसत चाल

\[ \boxed{v_{avg}=\frac{कुल\ दूरी}{कुल\ समय}} \]

वेग

\[ \boxed{v=\frac{विस्थापन}{समय}} \]

औसत वेग

\[ \boxed{v_{avg}=\frac{कुल\ विस्थापन}{कुल\ समय}} \]

त्वरण

\[ \boxed{a=\frac{v-u}{t}} \]

पहला गति समीकरण

\[ \boxed{v=u+at} \]

दूसरा गति समीकरण

\[ \boxed{s=ut+\frac12at^2} \]

तीसरा गति समीकरण

\[ \boxed{v^2=u^2+2as} \]

समान वेग के लिए

\[ \boxed{s=vt} \]

37. मात्रकों का परिवर्तन ⭐

km/h से m/s

\[ \boxed{1\,km/h=\frac5{18}\,m/s} \]

इसलिए km/h को m/s में बदलने के लिए:

\[ \boxed{\times\frac5{18}} \]

m/s से km/h

\[ \boxed{1\,m/s=\frac{18}{5}\,km/h} \]

इसलिए m/s को km/h में बदलने के लिए:

\[ \boxed{\times\frac{18}{5}} \]

उदाहरण

\[ 72km/h \]

को m/s में बदलें:

\[ 72\times\frac5{18} \]\[ =20m/s \]

अतः

\[ \boxed{72km/h=20m/s} \]

38. परीक्षा में बहुत पूछे जाने वाले अंतर

दूरी और विस्थापन

दूरी = कुल पथ
विस्थापन = प्रारंभिक से अंतिम स्थिति की सबसे छोटी दूरी, दिशा सहित।

चाल और वेग

चाल = दूरी/समय
वेग = विस्थापन/समय।

एकसमान और असमान गति

एकसमान गति = समान समय में समान दूरी।
असमान गति = समान समय में असमान दूरी।

चाल और त्वरण

चाल = वस्तु कितनी तेजी से चल रही है।
त्वरण = वेग कितनी तेजी से बदल रहा है।


39. परीक्षा के लिए अति महत्वपूर्ण प्रश्न ⭐⭐⭐

लघु उत्तरीय प्रश्न

  1. गति किसे कहते हैं?
  2. विराम किसे कहते हैं?
  3. संदर्भ बिंदु क्या है?
  4. मूलबिंदु क्या है?
  5. दूरी की परिभाषा लिखिए।
  6. विस्थापन किसे कहते हैं?
  7. अदिश राशि क्या है?
  8. सदिश राशि क्या है?
  9. चाल की परिभाषा एवं सूत्र लिखिए।
  10. औसत चाल क्या है?
  11. वेग किसे कहते हैं?
  12. औसत वेग क्या है?
  13. त्वरण किसे कहते हैं?
  14. मंदन क्या है?
  15. एकसमान गति क्या है?
  16. असमान गति क्या है?
  17. एकसमान त्वरण क्या है?
  18. रैखिक गति क्या है?
  19. वृत्तीय गति क्या है?
  20. दोलनी गति क्या है?
  21. आवर्ती गति क्या है?

40. दीर्घ उत्तरीय प्रश्न ⭐⭐⭐

प्रश्न 1.

दूरी और विस्थापन में अंतर उदाहरण सहित समझाइए।

प्रश्न 2.

चाल और वेग में अंतर लिखिए।

प्रश्न 3.

त्वरण क्या है? इसका सूत्र और SI मात्रक लिखिए।

प्रश्न 4.

गति के तीनों समीकरण लिखिए तथा उनमें प्रयुक्त राशियों का अर्थ बताइए।

प्रश्न 5.

दूरी-समय ग्राफ और वेग-समय ग्राफ समझाइए।

प्रश्न 6.

समान वृत्तीय गति क्या है? उदाहरण सहित समझाइए।


41. एक नजर में पूरा अध्याय ⭐

गति → स्थिति में समय के साथ परिवर्तन

विराम → स्थिति में परिवर्तन नहीं

दूरी → कुल तय किया गया पथ

विस्थापन → प्रारंभिक से अंतिम स्थिति तक सबसे छोटी दूरी + दिशा

चाल →

\[ \boxed{\frac{दूरी}{समय}} \]

वेग →

\[ \boxed{\frac{विस्थापन}{समय}} \]

त्वरण →

\[ \boxed{\frac{अंतिम\ वेग-प्रारंभिक\ वेग}{समय}} \]

पहला समीकरण →

\[ \boxed{v=u+at} \]

दूसरा समीकरण →

\[ \boxed{s=ut+\frac12at^2} \]

तीसरा समीकरण →

\[ \boxed{v^2=u^2+2as} \]

दूरी-समय ग्राफ की ढाल → चाल

स्थिति-समय ग्राफ की ढाल → वेग

वेग-समय ग्राफ की ढाल → त्वरण

वेग-समय ग्राफ का क्षेत्रफल → विस्थापन

त्वरण-समय ग्राफ का क्षेत्रफल → वेग में परिवर्तन

समान वृत्तीय गति → चाल समान, लेकिन दिशा बदलने के कारण वेग बदलता रहता है।

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